तुम मुझसे मुहब्बत करते हो या नहीं
पर मुझे तुमसे मुहब्बत क्यों है
मैं नहीं जानती।
मैने कही थी दिल की बात, तुमने सुना नहीं
फिर तेरा इंतजार क्यों है
मैं नहीं जानती।
तेरे मेरे दरमियाँ है घना फासला
फिर हर पल तेरा अहसास क्यों है
मैं नहीं जानती।
तेरे बिन जिंदगी है उदास सी
पल भर के साथ का अब तक उजास क्यों है
मैं नहीं जानती।
डॉ .अनिता सिंह
9/12/2019
सोमवार, 9 दिसंबर 2019
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